*धारावी*
महाराष्ट्र के मुंबई में एक जगह है धारावी,
बाशिंदों पर बेबसी ,भ्रष्टाचारी गरीबी है हावी,
आते हैं विदेशी उठाते हैं लुप्त लाचारी का,
रुपए देकर करते हैं भ्रमण गली गलियारों का,
दस बाय दस के कमरों में रहते हैं लोग दस दस,
दरिद्रता और दयनिता
की मिसाल है वे लोग बस,
ड्राइंग रूम डायनिंग रूम और बाथरूम का देखते वो सपना,
दो जून की रोटी मिल जाए, भरे पेट परिवार और अपना,
धंधा करते हैं कभी ड्रग्स, गांजा और अफीम का,
चोरी करते हैं कभी कार ,बस और लोरी का,
उन्हीं मे पैदा होते हैं कुछ इमानदार कुछ दो नंबरी,
नहीं रुकती सुबह_ शाम ,दिन_ रात मुंबई मायानगरी,
दुनिया की सबसे बड़ी बस्ती, है दस लाख की आबादी,
हिंदू मुस्लिम सिख ईसाई है सभी को आजादी,
स्लमडॉग, गली बॉय बना कर पूरा करते मकसद,
कभी फिल्मफेयर कभी ऑस्कर कमाते करोड़ों नकद।
– पश्चिम बंगाल, मिड डटाउन,
सीमा अग्रवाल
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