माँ
माँ तुम चुप क्यों रहतीं थी ?
जब कोई कडवी बात कहे,
या बाबुजी औरों से कम आके!
माँ
तुम.......
सब कुछ बेहतरीन करना,
दिल से
सबकी सेवा करना,
फिर भी किसी का
तुमहारी पीठ ना थपथपाना!
माँ तुम.......
अपनी खवाहिशे अपने सपने
सदा मन में छुपाती,
सबको सारी खुशीयां देती,
उसमें ही तुम खुश हो जाती!
माँ तुम........
अब जब मै भी माँ बनी,
तो जाना कि.........
माँ तुम चुप क्यों रहती थी!
सौ.सोनिका नितिन
शर्मा
हिगोली
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